Project SAMARTH: IIT गांधीनगर में बनेगा ₹190 करोड़ का Semiconductor Research & Training Hub

 


सारांश (Summary)

भारत में सेमीकंडक्टर (Semiconductor) क्षेत्र को मजबूत बनाने के उद्देश्य से Project SAMARTH (Silicon and Advanced Semiconductor Manufacturing Research and Training Hub) की स्थापना IIT गांधीनगर, गुजरात में की जा रही है। इस परियोजना की कुल लागत ₹190 करोड़ है।

इस अत्याधुनिक प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र का निर्माण कार्य 2 मार्च 2026 से शुरू हुआ। इसका उद्देश्य सेमीकंडक्टर विनिर्माण (Manufacturing), अनुसंधान (Research), नवाचार (Innovation) और कौशल विकास (Skill Development) को बढ़ावा देना है। आने वाले पांच वर्षों में यह केंद्र लगभग 10,000 लोगों को प्रशिक्षण प्रदान करेगा।


Project SAMARTH क्या है?

Project SAMARTH का पूरा नाम Silicon and Advanced Semiconductor Manufacturing Research and Training Hub है।

यह एक संयुक्त पहल (Joint Initiative) है, जिसे निम्न संस्थाओं द्वारा विकसित किया जा रहा है—

  • इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY)
  • गुजरात सरकार का विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग
  • IIT गांधीनगर

इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य भारत में सेमीकंडक्टर उद्योग के लिए कुशल मानव संसाधन तैयार करना तथा स्वदेशी अनुसंधान एवं तकनीकी विकास को बढ़ावा देना है।


परियोजना के प्रमुख उद्देश्य

Project SAMARTH के अंतर्गत—

  • सेमीकंडक्टर उद्योग के लिए Technicians, Operators और Engineers को प्रशिक्षित किया जाएगा।
  • इंजीनियरिंग छात्रों को Fab-Ready बनाया जाएगा।
  • स्वदेशी Research & Development (R&D) को बढ़ावा मिलेगा।
  • नए सेमीकंडक्टर उपकरण (Devices) एवं निर्माण प्रक्रियाओं का विकास किया जाएगा।
  • आधुनिक Process Tools विकसित किए जाएंगे।
  • छात्रों को वास्तविक Semiconductor Manufacturing Systems का व्यावहारिक अनुभव मिलेगा।

प्रशिक्षण एवं क्षमता विकास

Project SAMARTH का लक्ष्य अगले 5 वर्षों में लगभग 10,000 लोगों को प्रशिक्षित करना है।

प्रस्तावित प्रशिक्षण में शामिल हैं—

  • 5,600 Undergraduate, Postgraduate एवं PhD विद्यार्थी
  • 1,500 तकनीशियन (Technicians)
  • 1,000 प्रतिभागी अल्पकालिक (Short-Term) प्रमाणपत्र पाठ्यक्रमों में
  • अन्य उद्योग एवं अकादमिक क्षेत्र के प्रशिक्षु

IIT गांधीनगर गुजरात के विभिन्न इंजीनियरिंग कॉलेजों के साथ MoU भी करेगा ताकि अधिक से अधिक छात्रों को इस प्रशिक्षण का लाभ मिल सके।


उद्योग (Industry) के साथ साझेदारी

30 अगस्त 2024 को L&T Semiconductor Technologies और IIT गांधीनगर के बीच अनुसंधान, प्रशिक्षण एवं क्षमता निर्माण के लिए साझेदारी की गई थी।

यह सहयोग Project SAMARTH के अंतर्गत—

  • अनुसंधान
  • प्रशिक्षण
  • तकनीकी नवाचार
  • उद्योग-अकादमिक सहयोग

को मजबूत करेगा।


भारत के लिए Project SAMARTH का महत्व

भारत वर्तमान में Semiconductor Mission के माध्यम से इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण को बढ़ावा दे रहा है।

Project SAMARTH से—

  • भारत में सेमीकंडक्टर उद्योग को कुशल मानव संसाधन मिलेगा।
  • विदेशी तकनीक पर निर्भरता कम होगी।
  • घरेलू चिप निर्माण (Chip Manufacturing) को बढ़ावा मिलेगा।
  • रोजगार के नए अवसर उत्पन्न होंगे।
  • "Make in India" और "Digital India" जैसे अभियानों को मजबूती मिलेगी।

सेमीकंडक्टर क्या होता है?

Semiconductor ऐसे पदार्थ होते हैं जिनकी विद्युत चालकता (Electrical Conductivity) चालक (Conductor) और कुचालक (Insulator) के बीच होती है।

इनका उपयोग मुख्य रूप से—

  • Computer Chips
  • Smartphones
  • Automobiles
  • Medical Equipment
  • Artificial Intelligence
  • Defence Systems
  • Communication Networks

में किया जाता है।

आधुनिक सेमीकंडक्टर निर्माण में Cleanroom Technology, उच्च-परिशुद्धता (High Precision) मशीनें तथा उन्नत निर्माण प्रक्रियाओं का उपयोग किया जाता है।


UPSC एवं प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए महत्व

यह विषय GS Paper-3 (Science & Technology), Electronics Manufacturing, Skill Development तथा Make in India से संबंधित है।

परीक्षाओं में निम्न विषय महत्वपूर्ण हो सकते हैं—

  • India Semiconductor Mission
  • Semiconductor Manufacturing
  • IIT Gandhinagar
  • MeitY
  • Semiconductor Fab
  • Cleanroom Technology
  • Electronics Manufacturing Ecosystem

महत्वपूर्ण तथ्य (Important Facts)

बिंदुविवरण
परियोजनाProject SAMARTH
पूरा नामSilicon and Advanced Semiconductor Manufacturing Research and Training Hub
स्थानIIT गांधीनगर, गुजरात
कुल लागत₹190 करोड़
निर्माण प्रारंभ2 मार्च 2026
प्रमुख संस्थाएँMeitY, गुजरात सरकार, IIT गांधीनगर
प्रशिक्षण लक्ष्य10,000 लोग (5 वर्षों में)
उद्योग साझेदारL&T Semiconductor Technologies
IIT गांधीनगरInstitute of National Importance

Frequently Asked Questions (FAQ)

Q1. Project SAMARTH क्या है?
उत्तर: यह IIT गांधीनगर में स्थापित किया जा रहा सेमीकंडक्टर रिसर्च एवं ट्रेनिंग हब है।

Q2. Project SAMARTH की कुल लागत कितनी है?
उत्तर: ₹190 करोड़।

Q3. Project SAMARTH का मुख्य उद्देश्य क्या है?
उत्तर: सेमीकंडक्टर उद्योग के लिए कुशल मानव संसाधन तैयार करना तथा अनुसंधान एवं नवाचार को बढ़ावा देना।

Q4. इस परियोजना में कितने लोगों को प्रशिक्षण दिया जाएगा?
उत्तर: अगले 5 वर्षों में लगभग 10,000 लोगों को।

Q5. Project SAMARTH किस संस्थान में स्थापित किया जा रहा है?
उत्तर: IIT गांधीनगर, गुजरात।


UPSC Prelims MCQs

1. Project SAMARTH का संबंध किस क्षेत्र से है?

(A) कृषि अनुसंधान
(B) सेमीकंडक्टर निर्माण एवं प्रशिक्षण
(C) अंतरिक्ष विज्ञान
(D) जैव प्रौद्योगिकी

उत्तर: (B)


2. Project SAMARTH कहाँ स्थापित किया जा रहा है?

(A) IIT बॉम्बे
(B) IIT मद्रास
(C) IIT गांधीनगर
(D) IIT कानपुर

उत्तर: (C)


3. Project SAMARTH की अनुमानित लागत कितनी है?

(A) ₹100 करोड़
(B) ₹150 करोड़
(C) ₹190 करोड़
(D) ₹250 करोड़

उत्तर: (C)


4. Project SAMARTH का मुख्य उद्देश्य क्या है?

(A) कृषि उत्पादन बढ़ाना
(B) सेमीकंडक्टर उद्योग के लिए प्रशिक्षित मानव संसाधन तैयार करना
(C) रेलवे आधुनिकीकरण
(D) परमाणु ऊर्जा उत्पादन

उत्तर: (B)


5. निम्नलिखित में से कौन-सा Project SAMARTH का उद्योग साझेदार है?

(A) Tata Electronics
(B) Infosys
(C) L&T Semiconductor Technologies
(D) BEL

उत्तर: (C)

एक टिप्पणी भेजें

और नया पुराने