रिलायंस इंडस्ट्रीज और मेटा ने जामनगर में AI डेटा सेंटर बनाने की योजना बनाई

सारांश (Summary)

रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड और Meta Platforms Inc. ने 10 जून 2026 को भारत में एक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) डेटा सेंटर बनाने और लीज पर देने के लिए समझौता किया। यह 168 मेगावाट क्षमता वाला AI-सक्षम डेटा सेंटर जामनगर, गुजरात में स्थापित किया जाएगा, जिसे रिलायंस बनाएगा और Meta इसे लीज पर लेगा।


AI डेटा सेंटर और बिल्ट-टू-सूट मॉडल

यह जामनगर प्रोजेक्ट भारत में Meta का पहला “Built-to-Suit” डेटा सेंटर होगा।
इस सुविधा में भविष्य में विस्तार (expansion) की भी संभावना है और इसे समझौते की तारीख से दो वर्षों के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।


रिलायंस इंडस्ट्रीज की भूमिका

इस परियोजना में रिलायंस इंडस्ट्रीज “वन-स्टॉप सॉल्यूशन प्रोवाइडर” के रूप में कार्य करेगी।
इसके तहत कंपनी निम्न जिम्मेदारियाँ निभाएगी:

  • डिजाइन और निर्माण
  • यूटिलिटी प्रबंधन
  • रिन्यूएबल एनर्जी सप्लाई
  • नेटवर्क कनेक्टिविटी व्यवस्था

ऊर्जा, कूलिंग और इंफ्रास्ट्रक्चर फीचर्स

  • यह डेटा सेंटर नवीकरणीय ऊर्जा (Renewable Energy) पर आधारित होगा
  • कूलिंग के लिए समुद्री जल (desalinated seawater) का उपयोग किया जाएगा
  • ऊर्जा और पानी की पूरी लागत Meta द्वारा वहन की जाएगी

परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य

  • जामनगर गुजरात का प्रमुख औद्योगिक क्षेत्र है, जो बड़े ऊर्जा और इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के लिए जाना जाता है
  • एक मेगावाट (MW) = 10 लाख वाट
  • Built-to-Suit डेटा सेंटर किसी विशेष ग्राहक की जरूरतों के अनुसार बनाया जाता है
  • डेटा सेंटर डिजिटल जानकारी को स्टोर और प्रोसेस करते हैं तथा AI और क्लाउड कंप्यूटिंग को सपोर्ट करते हैं

रिलायंस इंडस्ट्रीज और मेटा ने जामनगर में AI डेटा सेंटर बनाने की योजना बनाई


सारांश (Summary)

रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड और Meta Platforms Inc. ने 10 जून 2026 को भारत में एक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) डेटा सेंटर बनाने और लीज पर देने के लिए समझौता किया। यह 168 मेगावाट क्षमता वाला AI-सक्षम डेटा सेंटर जामनगर, गुजरात में स्थापित किया जाएगा, जिसे रिलायंस बनाएगा और Meta इसे लीज पर लेगा।


AI डेटा सेंटर और बिल्ट-टू-सूट मॉडल

यह जामनगर प्रोजेक्ट भारत में Meta का पहला “Built-to-Suit” डेटा सेंटर होगा।
इस सुविधा में भविष्य में विस्तार (expansion) की भी संभावना है और इसे समझौते की तारीख से दो वर्षों के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।


रिलायंस इंडस्ट्रीज की भूमिका

इस परियोजना में रिलायंस इंडस्ट्रीज “वन-स्टॉप सॉल्यूशन प्रोवाइडर” के रूप में कार्य करेगी।
इसके तहत कंपनी निम्न जिम्मेदारियाँ निभाएगी:

  • डिजाइन और निर्माण
  • यूटिलिटी प्रबंधन
  • रिन्यूएबल एनर्जी सप्लाई
  • नेटवर्क कनेक्टिविटी व्यवस्था

ऊर्जा, कूलिंग और इंफ्रास्ट्रक्चर फीचर्स

  • यह डेटा सेंटर नवीकरणीय ऊर्जा (Renewable Energy) पर आधारित होगा
  • कूलिंग के लिए समुद्री जल (desalinated seawater) का उपयोग किया जाएगा
  • ऊर्जा और पानी की पूरी लागत Meta द्वारा वहन की जाएगी

परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य

  • जामनगर गुजरात का प्रमुख औद्योगिक क्षेत्र है, जो बड़े ऊर्जा और इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के लिए जाना जाता है
  • एक मेगावाट (MW) = 10 लाख वाट
  • Built-to-Suit डेटा सेंटर किसी विशेष ग्राहक की जरूरतों के अनुसार बनाया जाता है
  • डेटा सेंटर डिजिटल जानकारी को स्टोर और प्रोसेस करते हैं तथा AI और क्लाउड कंप्यूटिंग को सपोर्ट करते हैं

साझेदारी का पृष्ठभूमि (Partnership Background)

  • Meta ने 2020 में Jio Platforms में निवेश किया था
  • 2025 में दोनों कंपनियों ने मिलकर भारत में एंटरप्राइज AI उत्पाद विकसित करने के लिए जॉइंट वेंचर बनाया
  • यह सहयोग Meta के ओपन-सोर्स Llama AI मॉडल्स पर आधारित है

भारत और वैश्विक AI इंफ्रास्ट्रक्चर

जामनगर डेटा सेंटर Meta के वैश्विक AI इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करेगा।
यह परियोजना भारत, विशेषकर गुजरात, को डिजिटल और AI इंफ्रास्ट्रक्चर हब के रूप में और मजबूत बनाएगी।


साझेदारी का पृष्ठभूमि (Partnership Background)

  • Meta ने 2020 में Jio Platforms में निवेश किया था
  • 2025 में दोनों कंपनियों ने मिलकर भारत में एंटरप्राइज AI उत्पाद विकसित करने के लिए जॉइंट वेंचर बनाया
  • यह सहयोग Meta के ओपन-सोर्स Llama AI मॉडल्स पर आधारित है

भारत और वैश्विक AI इंफ्रास्ट्रक्चर

जामनगर डेटा सेंटर Meta के वैश्विक AI इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करेगा।
यह परियोजना भारत, विशेषकर गुजरात, को डिजिटल और AI इंफ्रास्ट्रक्चर हब के रूप में और मजबूत बनाएगी।

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